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Showing posts from July, 2013

जमीयत उलेमा-ए-हिन्द : महमूद मदनी

जमीयत उलेमा-ए-हिंद के राष्ट्रीय महासचिव मौलाना महमूद मदनी ने कहा कि हजरत शेखुल हिंद की खिदमात और रेशमी रुमाल की तहरीक के सौ वर्ष पूरे होने पर जमीयत द्वारा देवबंद में विशाल कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया जाएगा।          
   मदनी मंजिल पर आयोजित जमीयत उलेमा-ए-हिंद की बैठक में बोलते हुए मौलाना महमूद मदनी ने कहा कि जंग-ए-आजादी में शेखुल हिंद द्वारा दिए गए योगदान को कभी नहीं भूलाया जा सकता।      तहरीक रेशमी रुमाल पर विस्तार से रोशनी डालते हुए उन्होंने कहा कि जमीयत उलेमा-ए-हिंद की मजलिस ए आमला (वर्किंग कमेटी) द्वारा यह निर्णय लिया गया था कि शेखुल हिंद की सेवाओं को उजागर करने के लिए देश के विभिन्न हिस्सों में 100 कॉन्फ्रेंस आयोजित की जाएगी।    जमीयत द्वारा 80 सफल कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया जा चुका है तथा रेशमी रुमाल की तहरीक के सौ वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर आगामी नवंबर माह में 100वीं कॉन्फ्रेंस देवबंद में विशाल रूप में आयोजित की जाएगी। उन्होंने बताया कि इजलास में देश विदेश के प्रमुख उलेमा समेत करीब 10 लाख लोगाों के भाग लेने की संभावना है।    बैठक में 100वीं कॉन्फ्रेंस हेतू स्थान नियुक्त करने के …

The Essence of Fasting रोज़े का महत्व

रमजान के पवित्र महीने में रोज़े रखना धार्मिक काम है जो आत्मा को शुद्ध करता है और इंसान को खुदा के साथ एक स्थायी सम्बंध के लिए तैयार करता है जहां अल्लाह का खौफ़ हावी रहता है। अगर ईमानदारी और विश्वास के साथ रोज़ा रखा जाये तो रोज़ा सबसे बढ़कर एक अच्छा इंसान बनने में हमारी मदद करता है। इसमें आश्चर्य की कोई बात नहीं है कि सभी धर्मों ने इस तरह या दूसरे तरीके से रोज़ा रखने का हुक्म दिया है। ये आमतौर पर जाना जाता है कि रोज़ा इस्लाम के पांच स्तम्भों में से एक है (अन्य चार ईमान, नमाज़, हज और ज़कात हैं)।

रमज़ान का पवित्र महीना इबादत का महीना है, सदक़े (दान) का महीना है, परहेज़गारी (धर्मपरायणता) का महीना है, कुरान का महीना है और सबसे बढ़कर ये आत्मावलोकन और खुद के सुधार का महीना है। यही वो महीना है कि जिसमें मुसलमान सभी अच्छे काम, हर ज़रिए, हर तरीके, हर जगह और उन सभी लोगों के साथ करने की कोशिश करते हैं जिनके साथ वो कर सकते हैं। तमाम नेकियाँ करो' के मक़सद के साथ आज सभी मुसलमानों को एक अच्छा इंसान बनने के लिए सामूहिक प्रयास करने, नैतिकता में बेहतरी को हासिल करने, अपने सामान्य व्यवहार में सुधार क…