Tuesday, August 9, 2011

दिव्या जी के द्वारा कुछ कमेँट्स का जवाब न देना विरक्ति नहीं कहलाएगा।

आज हमने दिव्या जी की नई पोस्ट पढ़ी और उस पर टिप्पणी करनी चाही तो टिप्पणी का ऑप्शन बंद था. सो यहाँ अपनी पोस्ट में कमेंट कर देते हैं ।
'दिव्या जी , ग़लत नीयत से टिप्पणी करने वालों को आपके द्वारा जवाब न देना परिपक्वता कहलाएगा, विरक्ति नहीं ।'

इस तरह हमने आज की सक्रियता का कोटा पूरा कर लिया है ।

2 comments:

सञ्जय झा said...

aur aaj ke din ek sakriya vyakti ko
hamne tipa........aapse sahmati....

salam

Dr. Ayaz Ahmad said...

Sanjay ji , Aapka Salaam Qubool hai hamen .

Shukriya aapka bahut bahut .

लव जिहाद से लैंड जिहाद तक

 जिहाद से जुड़ी शब्दावली शायद कहीं खत्म हो ऐसा लगता नहीं है मुस्लिम विरोधी संगठन राजनीति में अपनी बढ़त के लालच में नए नए शब्द गढ़ते जा रहे ...